Hindu Nav Varsh 2026 Wishes Shayari, Quotes Images in Hindi: भारतीय हिंदू पंचांग के अनुसार चैत्र शुक्ल की प्रतिपदा से हिन्दू नववर्ष की शुरूआत होती है, जो इस बार अंग्रेज़ी कैलेंडर में 19 मार्च 2026 को गुरुवार के दिन है। यह विक्रम संवत 2083 है, जिसे भारतीय नव संवत्सर (Nav Sanvatsar) भी कहा जाता है।
विक्रम संवत कैलेंडर की शुरुआत 57 ईस्वी पूर्व राजा विक्रमादित्य के प्रयास से हुई थी, जो अंग्रेजी कैलेंडर से 57 वर्ष आगे है। हिंदू धर्म में सभी व्रत-त्यौहार आज भी हिन्दू कैलेंडर के अनुसार ही मनाएं जाते है। यहाँ नूतन वर्ष की शुभकामना फोटो और शायरी (कोट्स) दिए गए है।

2026 में हिंदू नव संवत्सर (विक्रम संवत 2083) कब से शुरू है?
चैत्र माह की शुक्ल प्रतिपदा को हिन्दू नए साल का पहला दिन होता है जिसे ‘नव संवत्सर‘ और कुछ जगहों पर इसे युगादि या उगाड़ी भी कहा जाता है। यह चैत्र नवरात्र का पहला दिन भी है, इसी दिन महाराष्ट्र में गुडी पड़वा का त्यौहार बड़े धूमधाम से मनाया जाता है।

हिन्दू नववर्ष क्यों मनाते है?
हिंदू धर्म में नव संवत्सर का विशेष महत्व है ब्रह्मपुराण के अनुसार ब्रह्मा जी ने चैत्र-शुक्ल-प्रतिपदा तिथि को सृष्टि की रचना की थी, इसके आलावा इसी दिन से महान गणितज्ञ भास्कराचार्य जी ने सूर्य की स्थिति (सूर्यउदय और सूर्यास्त) के अनुसार दिन, महीने और वर्ष की गिनती करके हिंदू पंचांग की रचना की थी।

हिंदू नव संवत्सर विक्रम संवत् 2083 कोट्स, शायरी और शुभकामना संदेश 2026
हिन्दू न्यू इयर की शुभकामनाएँ देने के लिए यहाँ कुछ बेस्ट शायरी (Shayari), SMS और Quotes (उद्धरण) दिए गए जिनकी मदद से आप दोस्तों और परिवारजनो को भारतीय नव वर्ष के मंगलमय होने की विशेस एक अलग अंदाज में भेज सकते है।
बसंत की बहार, होली की फुहार,
माँ की भक्ति, अपनों का प्यार,
मुबारक हो आपको नवसंवत्सर का त्योहार।ऋतुओं से बदलता हिन्दू साल,
नये वर्ष में छा जाती मौसम में बहार,
बदलाव दिखता है प्रकृति में हर तरफ,
ऐसे होता हिन्दू नव वर्ष…!!!
हिन्दू नूतन वर्ष की शुभकामनायेंफिर कुछ नये ख्वाब, सजाने हैं,
फिर कुछ नये किरदार, निभाने हैं,
फिर कुछ नये अंधेरे भी, डालेंगे अपना डेरा,
फिर कुछ नये चिराग, जलाने हैं।
हिन्दू नववर्ष मंगलमय हो!तू नया है तो दिखा, सुबह नई… शाम नई..
वर्ना इन आंखों ने तो देखे हैं, ऐसे नए साल कई..!कुछ दिन ख़ुशियों और कुछ दिन आंसूओं में टल गया,
हम तो वहीं है आज भी लेकिन…
जीवन का एक और सुनहरा साल निकल गया..!!!
शुभ नूतन वर्ष 2026रंग उड़ेगा, महफिल सजेगी,
इस नव संवत्सर पर आपको कामयाबी मिलेगी,
नया साल मुबारक हो!
Happy New Year 2026आंखों में सजे सपने,
और दिल में छुपी इच्छाएं,
यह नया साल सब सच कर जाए,
यह है आपके लिए हमारी शुभकामनाएं।
-Happy Hindu New Year 2026खत्म हुआ ऋतुओं से संघर्ष,
आओ मनाएं हिंदू नववर्षदुख-तकलीफें लेकर जाए पुराना साल,
नई उमंगे, नई ऊर्जा लेकर आए नया साल
हैप्पी नव संवत्सर 2083आपको एवं आपके परिवार को हिन्दू नव वर्ष यानि विक्रम संवत् 2083 की अनंत शुभकामनाएं।

Hindu Nav Varsh 2026 & Vikaram Sanwat 2083 Ki Shubhkamnaye
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| भारतीय हिन्दू नववर्ष गुडी पडवा शुभकामना शायरी फोटो |
विक्रम संवत् 2083: हिन्दू नववर्ष शुभकामना फोटो २०८२ (Whatsapp Status)
नव संवत्सर और गुडी पड़वा के अवसर पर हम आपको भारतीय नूतन वर्ष की शुभकामना संदेश और विशेस फोटो उपलब्ध कराने जा रहे हैं, जिनकी मदद से आप अपने दोस्तों-यारों को हिंदू नव वर्ष की शुभकामनाएं दे सकते हैं।

यहाँ हम आपके लिए Hindu Nav Varsh Best wishes Photo Shayari Pics Images Picture Happy Hindu New Year 2026 Gudi Padwa Wallpaper का collection लेकर आये है।
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| Shubh Hindu NAV VARSH 2026 KI SHUBHKAMNAYE Vikaram Sanwat 2083 |
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विक्रम संवत 2083 का क्या नाम है? राजा और मंत्री कौन है?
ज्योतिषियों के अनुसार, वर्ष 2026 में विक्रम संवत 2083 यानि हिंदू नववर्ष का आरंभ गुरुवार, 19 मार्च से होगा, जिसका नाम ‘रौद्र संवत्सर’ है। इस बार नवसंवत्सर गुरुवार के दिन से शुरू हुआ है इसलिए इस वर्ष के राजा ‘गुरु बृहस्पति‘ और मंत्री ‘मंगल’ ग्रह है।
हिंदू शास्त्रों में कुल 60 संवत्सर का उल्लेख हैं जिन्हें 20-20 की श्रेणी में तीन हिस्सों में बांटा गया है। जिसमें से पहले 20 संवत् ब्रह्मविंशति, अगले 20 विष्णुविंशति और अंतिम 20 रूद्रविंशति कहे जाते है।
हिंदू पंचांग की विशेषताएं
हिंदू कालगणना में महीने का निर्धारण नक्षत्र तथा सूर्य और चंद्रमा की गति से किया जाता है। जिसमें 12 राशियां 12 सौर मास हैं इसलिए जिस दिन सूर्य जिस राशि में प्रवेश करता है उसी दिन की संक्रांति होती है। इसके आलावा 12 माह 12 चंद्र मास है, इसलिए सभी 12 महीनों के नाम पूर्णिमा के दिन, चंद्रमा के उस नक्षत्र में होने के हिसाब से तय होते है। इसमें तिथियां चंद्रमाँ की 15 कलाओं से निर्धारित होती हैं।
चंद्र वर्ष सौर वर्ष से 11 दिन 3 घाटी 48 पल छोटा है, इसीलिए हर 3 वर्ष में इसमें 1 महीना जोड़ा जाता है, जिसे मलमास या अधिक मास या पुरूषोत्तम मास कहा जाता है।
डिस्क्लेमर: उपरोक्त जानकारी सामान्य मान्यताओं के अनुसार साझा की गयी है, HindiGyanStudio.com इसकी पुष्टि नहीं करता।














